Skip to main content

Posts

यूरिक एसिड को करे जड़ से खत्म-सिद्ध वातदर्द कल्पचूर्ण

यूरिक एसिड की जानकारी और दवा

      जब शरीर में इम्युनिटी कमजोर होती है तो शरीर बीमारियों की चपेट में बहुत जल्दी आ जाता है। जब यूरिक एसिड शरीर में जमा होने लगता है जो हड्डियों को नुकसान पहुंचाता है। इससे गठिया रोग होने का डर भी रहता है।
यूरिक एसिड को करे जड़ से खत्म
 सिद्ध वातदर्द कल्पचूर्ण

यूरिक एसिड की रामबाण औषधि जो  समस्त शरीरिक दर्दों के लिए यह दवा रामबाण है ।
इंग्लिश दर्द युक्त दवाईयों से मुक्ति पाएं क्योंकि सिद्ध वातदर्द कल्पचूर्ण समस्त वात रोग में रामबाण है। आस्टि़यो आर्थराईटिस जोड़ों के दर्द कारगर है। मांसपेशी  के खिंचाव और दर्द संबंधी समस्या में भी कारगर ।
यूरिक एसिड के लक्षण
☑️  पैरों-जोड़ों में दर्द☑️ एड़ियों में दर्द☑️ गांठों में सूजन☑️ सोते समय पैर में जकड़न ☑️ लगातार बैठने और उठने में एड़ियो में असहनीय दर्द☑️ शूगर लेवल का बढ़ना
सिद्ध वातदर्द कल्पचूर्ण यूरिक एसिड तो ठीक करेगा ही साथ मे  असामान्य रूप से चलना, ढीली मांसपेशियां, मांसपेशियों में कमज़ोरी, मांसपेशी का नुकसान, या मांसपेशी का स्थायी रूप से छोटा होना आदि में असरकारी है।
सुस्ती रहती हो, थकावट और कमजोरी महसूस हो,नींद न आती…

शीघ्रपतन घरेलू योग- सिद्ध ईसबगोल योग

https://bit.ly/2ZtQ8EZ ---------------------- इसबगोल का गर्मियों में करे उपयोग ईसबगोल 100 ग्राम ख़्सख्स  100 ग्राम मिश्री      100 ग्राम सभी को बारीक कर चूर्ण बनाए  सुबह -शाम 1-1चम्मच ठंडे दूध ले।

👌👌👌👌👌
अयुर्वेदिक तथ्य
इसका उपयोग ज्यादातर लोग कब्ज की समस्या को दूर करने के लिए करते हैं, इसलिए बहुत कम लोग जानते हैं कि इसबगोल का प्रयोग शीघ्रपतन की परेशानी के लिए बहुत लाभकारी और फायदेमंद होता है।*
 इसबगोल, पिसी हुई मिश्री और खसखस लें। इन सभी को 5-5 ग्राम लेकर एक साथ अच्छी तरह मिला लें। इस चूर्ण को रोज एक गिलास दूध के साथ रात को खाने के बाद लें। ऐसा करने से शीघ्रपतन में बहुत ज्यादा आराम मिलता है। यह दवा शीघ्रपतन की समस्या में बहुत कारगर है। 👌👌👌 Whats 94178 62263 Online मूल्य 400 ग्राम 600 ग्राम

मिर्गी की दवा -सिद्ध अपस्मार कल्पचुर्ण

हिस्टीरिया एक मानसिक समस्या है, जिसके पीछे का मुख्य कारण तनाव तो है ही, साथ ही कोई गंभीर सदमा लगना, अपनी फीलिंग को दबाना, हादसा, दांपत्य जीवन में परेशानी व आर्थिक कारण इस बीमारी की वजह बनती है। यूं तो यह मानसिक समस्या किसी भी व्यक्ति को हो सकती है, लेकिन महिलाएं इससे अधिक प्रभावित होती हैं।महिलाएं होती अधिक प्रभावितयूं तो यह मानसिक समस्या किसी भी व्यक्ति को हो सकती है, लेकिन महिलाएं इससे अधिक प्रभावित होती हैं। दरअसल, उम्र के विभिन्न दौर में न सिर्फ स्त्रियों में हार्मोनल बदलाव होते हैं, बल्कि विवाह के बाद नए घर में जाने के बाद या फिर वैवाहिक जीवन में परेशानी के कारण भी महिला इस रोग से ग्रस्त होती है। इसके अतिरिक्त अधिकतर मामलों में देखने में आता है कि महिला अपने मन की बात या परेशानी किसी से शेयर नहीं करती, जिससे मन ही मन उसका तनाव बढ़ने लगता है और फिर वह हिस्टीरिया के रूप में सामने आता है।हम बता रहे हैं हिस्टीरिया का अयुर्वेदिक इलाज
सिद्ध मिर्ग अयूर्वादिक दवासिद्ध अपस्मार कल्पचुर्ण ब्राह्मी – 100 ग्रामसंखपुष्पी 100 ग्रामशतावर – 50 ग्रामविदारीकंद – 50 ग्रामहरीतकी – 50 ग्रामउशीर – 50 ग्र…

गुणों से भरपूर है मेथी दाना, बीपी से लेकर शुगर की बीमारी में मिलती है राहत

गुणों से भरपूर है मेथी दाना, बीपी से लेकर शुगर की बीमारी में मिलती है राहतनोटः गर्मियों में 50 ग्राम मेथी दाना 250 ग्राम पानी मिटी के बर्तन मे भिगोकर रख ले। सुबह खाली पेट मेथी पानी को पैरों भार बैठकर पिये। पानी पीने से 30 मिनट बाद तक कुछ खाए पिएँ नही। 30 मिनट बाद 100 ग्राम से 200 ग्राम दही ले इस योग से मेथी आप को गर्मी नही करेगी।21 दिन लगातार उपयोग करे।⛑️🌈⛑️मेथी दाना स्वास्थ्य के लिए काफी लाभदायक होता है। थोड़ा के कड़वे स्वाद के कारण अगर आप इसे खाने से बचते हैं तो जरा इसके सेवन से शरीर को होने वाले फायदों के बारे में जान लें। मेथी दाने को हम लोग खाना बनाने में भी इस्तेमाल करते हैं। मेथी सेहत के लिए एक अचूक औषधि का काम करती है। मेथी के दाने रात में भिगोकर सुबह खाली पेट चबा-चबाकर खाने और बचा हुआ पानी पीने से सेहत से जुड़ी कई समस्याओं में फायदा होता है। मेथी में कई तरह के गुण और पोषक तत्व पाए जाते हैं। जैसे कैरोटीन, कॉपर, जिंक, सोडियम, फोलिक एसिड और मैग्नीशियम आदि। फायदों पर एक नजर:गैस की समस्या करे दूरमेथी के दाने शरीर से टॉक्सिन बाहर निकालकर किडनी को हेल्दी रखते हैं। इसके अलावा यह गैस्…

दाद-खाज और खुजली के लिए गेंदे का फूल

जी हां इस समस्‍या से बचने के लिए आपको गेंदे के  करना होगा। क्‍योंकि गेंदे के फूल में कई सारी एंटी फंगल और एंटी एलर्जिक गुण होते हैं जो दाद, खाज और खुजली जैसी समस्याओं को जड़ से दूर कर देते हैं। इसके लिए आपको संयम बरतने की जरुरत होगी। इसके इस्तेमाल का तरीका बेहद आसान है और इससे सालों पुरानी खुजली की समस्याएं भी ठीक की जा सकती है।

इस्‍तेमाल का तरीका

सबसे पहले आप गेंदे की पत्तियों को लें और पानी में डालकर उबाल लें।

इसे उबालने के बाद ठंडा होने पर अपनी बॉडी में जहां खुजली है उस जगह पर लगाकर अच्छे से साफ करें।

या इसके लिए आपको गेंदे के फूल का रस निकलकर पीसकर पेस्‍ट बाल लें।

फिर इसे प्रभावित स्थान पर लगाकर सूखने के लिए छोड़ दें।

जब यह सूख जाएं तो ठन्डे पानी की हेल्‍प से इसे अच्छी तरह साफ कर लें।

मात्र 7 दिनों में आपको इस दाद खाज खुजली जैसी बीमारी से छुटकारा मिल जाएगा।

अगर आप भी इस समस्‍या से परेशान हैं तो आज ही इस उपाय को आजमाएं।

आप जी त्वचा कल्पचूर्ण online मगवा सकते हैं।

संपर्क whats 94178 62263

तव्चा कल्पचूर्ण का नुस्खा प्राप्त करे- https://bit.ly/2UDjhe0

शीघ्रपतन की अयुर्वेदिक औषधि- सिद्ध शक्तिवर्धक कल्पचूर्ण

शीघ्रपतन की संपूर्ण जानकारी
नोटः सिद्ध शक्तिवर्धक कल्पचूर्ण  का नुस्खा और लेने की विधि और परहेज अंत मे लिखा हुआ है।
नोटः यह ज़रूरी नहीं है कि शीघ्रपतन होने की मूल वजह कोई बीमारी ही हो. अलग-अलग लोगों के बीच सामन्य शारीरिक अंतर या यौन में अनुभव न होना भी इसकी कुछ वजहें हो सकती हैं.
अयुर्वेदिक खीज पर आधारित कुछ कारणों के कारण शीघ्रपतन होता है इसे आप जान सकते हैं।
🌹⬇️🌹 ☑️ धातु रोग का होना औऱ वीर्य पतला होना। ☑️ बचपन में अत्यधिक हस्त मैथुन करना ☑️ शीघ्रपतन के बारे में ही सोचते रहना ☑️  खान-पान की आदत का ख़राब होना, ☑️  उचित मात्रा में समय पर भोजन न करना ☑️ अगर आपने बहुत समय से सेक्स नहीं किया है या हफ्ते बाद किया है तो भी शीघ्रपतन हो सकता है। ☑️  विटामिन्स की कमी होना, ☑️  पाचन तन्त्र कमजोर होना। ☑️  लगातार पेट खराब रहना। ☑️  लम्बे समय तक कब्ज रहना। ☑️  खून व भूख की कमी ☑️  हारमोंस का बहुत अधिक प्रभावित होना ☑️  हमारे शरीर में  वीर्य का कम मात्रा में बनना, ☑️  शिश्न की नसों का सिकुड़ जाना [☑️ दिमाग में खुश्की का बढ़ जाना ☑️  हमेशा चिन्ता, तनाव का बने रहना ☑️  कभी कभी किसी दवाई के साइड इफ़ेक्ट से भी प्रेमातुर एजक…

पेट दर्द आराम के लिए अयुर्वेदिक नुस्खा-पल में होगा पेट दर्द में आराम

पेट दर्द आराम  के लिए अयुर्वेदिक नुस्खा
🌹5   ग्राम भुनी हींग🌹 5  ग्राम केसर🌹 2 ग्राम कपूर🌹 25 ग्राम भुना जीरा🌹 5  ग्राम काला नमक🌹 5 ग्राम सेंधा नमक🌹 100  ग्राम छोटी हरड़🌹 25 ग्राम वायविडंग के बीज🌹 25 ग्राम अजवाइन

सभी को एक साथ पीसकर इस चूर्ण को सुरक्षित रख लें। पेट दर्द होने पर इस चूर्ण में से आधा चम्मच गर्म पानी के साथ सेवन करें। छोटे बच्चों को आधी खुराक दे। गर्भवती महिला अपने dr से पूछ कर ही इस्तेमाल करे।



ध्यान दे----
यह ज़रूरी नहीं है कि पेट दर्द होने की मूल वजह कोई बीमारी ही हो. कब्ज़, गैस, ज़्यादा खाने, तनाव, या मांसपेशियों के खिंच जाने की वजह से भी ऐसा हो सकता है। कोई कैसा भी दर्द हो योग अपनाएँ और आराम पाएं।



नोटः महत्वपूर्ण जानकारी
हम बाजार की दवाएं नही खुद नुस्खे तैयार करते है और ऑनलाइन भेजते हैं। whats पर आप ने अपनी बीमारी की जानकारी देनी है और हम बताएंगे आप अयुर्वेदिक नुस्खे जिस को घर तैयार कर सकते हैं। अगर आप नही तैयार कर सकते तो ऑनलाइन घर मंगवा सकते हैं।
What's 9417862263 7889053063